जीव विज्ञान के 30 महत्वपूर्ण MCQ 2026 | कोशिका, श्वसन, प्रकाश-संश्लेषण व आनुवंशिकी

जीव विज्ञान के महत्वपूर्ण MCQ 2026 हिंदी में – कोशिका संरचना, DNA, श्वसन और प्रकाश-संश्लेषण से जुड़े प्रश्न

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जीव विज्ञान-5 MCQ-2026

प्रश्न 1. ‘विभेदक जीन क्रियाशीलता (Variable Gene Activity)’ के अनुसार विभिन्न प्रकार की कोशिकाओं के बनने का कारण क्या है?

(A) अलग-अलग DNA
(B) एक ही जीन-समूह में से केवल कुछ अंश ही सक्रिय होना
(C) अलग-अलग प्रोटीन
(D) अलग-अलग माइटोकॉण्ड्रिया
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उत्तर: (B) एक ही जीन-समूह में से केवल कुछ अंश ही सक्रिय होना

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📝 मानव शरीर की लगभग सभी कोशिकाओं में समान DNA होता है, लेकिन फिर भी शरीर के अलग-अलग अंग जैसे त्वचा, यकृत (लिवर), आँख आदि अलग-अलग कार्य करते हैं। इसका कारण यह है कि हर कोशिका में सभी जीन एक साथ सक्रिय नहीं होते। अलग-अलग कोशिकाओं में कुछ विशेष जीन ही सक्रिय होते हैं, जबकि बाकी जीन निष्क्रिय रहते हैं। इसी कारण कोशिकाएँ विशेष कार्य करती हैं। इस प्रक्रिया को कोशिका विशिष्टीकरण (Cell Differentiation) कहा जाता है।

प्रश्न 2. गाय और भैंस में किस विषाणु से रोग उत्पन्न होते हैं?

(A) रैण्डोविरिडी कैटोयूकूली
(B) पाक्सम हिड्रोआएपियसम
(C) बोवाइन वैक्सीनिया
(D) ब्लू टंग विषाणु
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उत्तर: (C) बोवाइन वैक्सीनिया

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📝 गाय, भैंस और भेड़ जैसे पालतू पशुओं में कई प्रकार के विषाणुजनित रोग पाए जाते हैं। गाय में बोवाइन वैक्सीनिया विषाणु के कारण रिंडरपेस्ट रोग हो सकता है। इसी प्रकार भैंस में पॉक्सम हाइड्रोएपियसम से संबंधित संक्रमण देखा जाता है। भेड़ में रैण्डोविरिडी कैटोयूकूली के कारण ब्लू टंग रोग होता है।

प्रश्न 3. ‘जीव विज्ञान की वह शाखा जिसमें जीवधारियों का अध्ययन किया जाता है’ उसे क्या कहते हैं?

(A) रसायन विज्ञान
(B) जीव विज्ञान (Biology)
(C) भौतिकी
(D) भूगोल
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उत्तर: (B) जीव विज्ञान (Biology)

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📝 जीव विज्ञान (Biology) विज्ञान की वह शाखा है जिसके अंतर्गत सभी जीवधारियों का अध्ययन किया जाता है। इसमें जीवों की संरचना, कार्य, वर्गीकरण, विकास और वितरण का अध्ययन किया जाता है। यह विषय हमें जीवन की विभिन्न प्रक्रियाओं और जैव विविधता को समझने में मदद करता है।

प्रश्न 4. ‘समस्थिति (Homeostasis)’ की अवधारणा से पहले किसने आंतरिक वातावरण की स्थिरता का वर्णन किया था?

(A) बी. कैनन
(B) क्लॉडी बर्नार्ड
(C) डार्विन
(D) मेंडल
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उत्तर: (B) क्लॉडी बर्नार्ड

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📝 फ्रांसीसी वैज्ञानिक क्लॉडी बर्नार्ड ने वर्ष 1865 में बताया कि जीवित शरीर अपने आंतरिक वातावरण को स्थिर बनाए रखने की क्षमता रखता है। बाद में वॉल्टर बी. कैनन ने वर्ष 1932 में इस प्रक्रिया को Homeostasis नाम दिया और इसका विस्तार से वर्णन किया।

प्रश्न 5. गाय एवं भैंस दोनों में एक साथ होने वाले विषाणु जनित रोग का विषाणु कौन-सा है?

(A) बोवाइन वैक्सीनिया
(B) पैरामिक्सोविरिडी एचजो
(C) रैण्डोविरिडी कैटोयूकूली
(D) स्टट्ट (Statt)
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उत्तर: (B) पैरामिक्सोविरिडी एचजो

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📝 गाय और भैंस जैसे पालतू पशुओं में कई प्रकार के विषाणुजनित रोग पाए जाते हैं। इनमें पैरामिक्सोविरिडी (Paramyxoviridae) समूह के विषाणु से भी रोग होते हैं। इसके अतिरिक्त चौपाया पशुओं में “स्टट्ट (Statt)” नामक विषाणु जनित रोग भी पाया जाता है। ऐसे रोग पशुओं के स्वास्थ्य और उत्पादकता को प्रभावित करते हैं।
6. ‘द्विनाम पद्धति (Binomial Nomenclature)’ में जीव के नाम की भाषा क्या होती है?
(A) हिंदी
(B) अंग्रेज़ी
(C) लैटिन
(D) ग्रीक
उत्तर: (C) लैटिन
📝 लीनियस (Linnaeus) द्वारा दी गई द्विनाम पद्धति (Binomial Nomenclature) जीवों के वैज्ञानिक नामकरण की एक मानक प्रणाली है। इस पद्धति में प्रत्येक जीव का नाम लैटिन भाषा में दो शब्दों से मिलकर बना होता है। पहला शब्द वंश (Genus) को दर्शाता है और दूसरा शब्द जाति (Species) को दर्शाता है। उदाहरण के लिए Homo sapiens मनुष्य का वैज्ञानिक नाम है।

7. मनुष्य का वैज्ञानिक नाम क्या है?
(A) Felis domesticus
(B) Homo sapiens
(C) Panthera leo
(D) Rattus rattus
उत्तर: (B) Homo sapiens
📝 मनुष्य का वैज्ञानिक नाम Homo sapiens है। इसमें Homo वंश (Genus) को और sapiens जाति (Species) को दर्शाता है। sapiens का अर्थ “बुद्धिमान” होता है, इसलिए Homo sapiens का अर्थ बुद्धिमान मनुष्य होता है।

8. ‘जीवाणु (Bacteria)’ की आकृति कितने प्रकार की होती है?
(A) दो
(B) तीन
(C) चार
(D) पाँच
उत्तर: (B) तीन
📝 जीवाणु (Bacteria) सामान्यतः तीन मुख्य आकृतियों में पाए जाते हैं — गोलाकार (Coccus), छड़ाकार (Bacillus) और सर्पिलाकार (Spirillum)। इसके अलावा कुछ जीवाणु कॉमा आकार के भी होते हैं जिन्हें Vibrio कहा जाता है।

9. ‘ग्राम धनात्मक (Gram Positive)’ और ‘ग्राम ऋणात्मक (Gram Negative)’ जीवाणुओं में अंतर किस आधार पर होता है?
(A) आकार के आधार पर
(B) कोशिका भित्ति की संरचना के आधार पर
(C) श्वसन के आधार पर
(D) प्रजनन के आधार पर
उत्तर: (B) कोशिका भित्ति की संरचना के आधार पर
📝 ग्राम स्टेनिंग तकनीक द्वारा जीवाणुओं को दो वर्गों में बाँटा जाता है — Gram Positive और Gram Negative। Gram Positive जीवाणुओं की कोशिका भित्ति मोटी पेप्टीडोग्लाइकेन परत की होती है, जबकि Gram Negative जीवाणुओं की परत पतली होती है।

10. ‘नीलहरित शैवाल (Cyanobacteria)’ को किस जगत में रखा गया है?
(A) प्रोटिस्टा
(B) प्लान्टी
(C) मोनेरा
(D) कवक
उत्तर: (C) मोनेरा
📝 नीलहरित शैवाल वास्तव में प्रोकैरियोटिक जीव होते हैं, इसलिए इन्हें मोनेरा जगत में रखा जाता है। इन्हें Cyanobacteria भी कहा जाता है और ये प्रकाश-संश्लेषण करके अपना भोजन स्वयं बनाते हैं।

प्रश्न 11. ‘यूकैरियोटिक (Eukaryotic)’ कोशिका की मुख्य विशेषता क्या है?

(A) कोशिका भित्ति नहीं होती
(B) झिल्लीयुक्त सुविकसित केन्द्रक होता है
(C) DNA नहीं होता
(D) माइटोकॉण्ड्रिया नहीं होता
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उत्तर: (B) झिल्लीयुक्त सुविकसित केन्द्रक होता है

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📝 यूकैरियोटिक कोशिकाएँ वे कोशिकाएँ होती हैं जिनमें सुविकसित और झिल्ली से घिरा हुआ केन्द्रक (Nucleus) पाया जाता है। इन कोशिकाओं में कई प्रकार के झिल्लीयुक्त कोशिकांग जैसे माइटोकॉण्ड्रिया, क्लोरोप्लास्ट और एंडोप्लाज्मिक रेटिकुलम पाए जाते हैं। पौधे, जन्तु और कवक सभी यूकैरियोटिक जीवों के उदाहरण हैं।

प्रश्न 12. ‘प्रोकैरियोटिक (Prokaryotic)’ कोशिका में क्या नहीं होता?

(A) DNA
(B) राइबोसोम
(C) झिल्लीयुक्त केन्द्रक
(D) कोशिका भित्ति
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उत्तर: (C) झिल्लीयुक्त केन्द्रक

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📝 प्रोकैरियोटिक कोशिकाओं में झिल्ली से घिरा हुआ स्पष्ट केन्द्रक नहीं होता। इनमें DNA कोशिकाद्रव्य में स्वतंत्र रूप से पाया जाता है। जीवाणु और सायनोबैक्टीरिया प्रोकैरियोटिक जीवों के उदाहरण हैं।

प्रश्न 13. ‘माइटोकॉण्ड्रिया (Mitochondria)’ को क्या कहते हैं?

(A) प्रोटीन की फैक्ट्री
(B) कोशिका का ऊर्जा गृह (Powerhouse of Cell)
(C) आनुवंशिकता का केन्द्र
(D) कोशिका की पाचन इकाई
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उत्तर: (B) कोशिका का ऊर्जा गृह

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📝 माइटोकॉण्ड्रिया में कोशिकीय श्वसन की प्रक्रिया होती है जिससे ATP ऊर्जा बनती है। यही ऊर्जा कोशिका की विभिन्न जैविक क्रियाओं के लिए उपयोग होती है, इसलिए माइटोकॉण्ड्रिया को Powerhouse of Cell कहा जाता है।

प्रश्न 14. ‘राइबोसोम (Ribosome)’ का मुख्य कार्य क्या है?

(A) ऊर्जा उत्पादन
(B) प्रोटीन संश्लेषण
(C) प्रकाश-संश्लेषण
(D) पाचन
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उत्तर: (B) प्रोटीन संश्लेषण

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📝 राइबोसोम कोशिका के ऐसे सूक्ष्म कण होते हैं जहाँ प्रोटीन का निर्माण होता है। इसलिए इन्हें प्रोटीन की फैक्ट्री भी कहा जाता है। प्रोकैरियोटिक कोशिकाओं में 70S और यूकैरियोटिक कोशिकाओं में 80S प्रकार के राइबोसोम पाए जाते हैं।

प्रश्न 15. ‘क्लोरोप्लास्ट (Chloroplast)’ में कौन-सा वर्णक पाया जाता है?

(A) हीमोग्लोबिन
(B) क्लोरोफिल
(C) मेलानिन
(D) कैरोटीन
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उत्तर: (B) क्लोरोफिल

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📝 क्लोरोप्लास्ट में क्लोरोफिल नामक हरा वर्णक पाया जाता है जो सूर्य के प्रकाश को अवशोषित करता है। इसी ऊर्जा से पौधे प्रकाश-संश्लेषण करके भोजन बनाते हैं।

प्रश्न 16. ‘लाइसोसोम (Lysosome)’ को क्या कहते हैं?

(A) कोशिका का ऊर्जा गृह
(B) कोशिका की आत्महत्या की थैली (Suicide Bag)
(C) प्रोटीन की फैक्ट्री
(D) कोशिका का नियंत्रण केन्द्र
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उत्तर: (B) कोशिका की आत्महत्या की थैली (Suicide Bag)

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📝 लाइसोसोम में विभिन्न प्रकार के पाचक एंजाइम पाए जाते हैं जो कोशिका के पुराने, अनावश्यक और क्षतिग्रस्त अंगों को नष्ट कर देते हैं। कभी-कभी लाइसोसोम की झिल्ली फटने पर इसके एंजाइम पूरी कोशिका को पचा सकते हैं, इसलिए इसे Suicide Bag कहा जाता है।

प्रश्न 17. ‘गॉल्जीकाय (Golgi Body)’ का मुख्य कार्य क्या है?

(A) ऊर्जा उत्पादन
(B) स्रावी पदार्थों की पैकेजिंग और उत्सर्जन
(C) प्रकाश-संश्लेषण
(D) DNA संश्लेषण
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उत्तर: (B) स्रावी पदार्थों की पैकेजिंग और उत्सर्जन

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📝 गॉल्जीकाय कोशिका में बनने वाले प्रोटीन और लिपिड को संसाधित करके उन्हें पैक और परिवहन करने का कार्य करता है। इसे कोशिका का “ट्रैफिक पुलिस” भी कहा जाता है। लाइसोसोम का निर्माण भी गॉल्जीकाय से होता है।

प्रश्न 18. ‘केन्द्रक (Nucleus)’ में क्या पाया जाता है?

(A) केवल प्रोटीन
(B) DNA, RNA और प्रोटीन
(C) केवल RNA
(D) केवल लिपिड
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उत्तर: (B) DNA, RNA और प्रोटीन

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📝 केन्द्रक कोशिका का नियंत्रण केन्द्र होता है। इसमें DNA के रूप में आनुवंशिक जानकारी संग्रहीत रहती है तथा यहाँ RNA और प्रोटीन भी पाए जाते हैं। केन्द्रक के भीतर गुणसूत्र होते हैं जो आनुवंशिक गुणों के संचरण के लिए जिम्मेदार होते हैं।

प्रश्न 19. ‘कोशिका झिल्ली (Cell Membrane)’ किससे बनी होती है?

(A) केवल प्रोटीन से
(B) फॉस्फोलिपिड द्विपरत और प्रोटीन से
(C) केवल कार्बोहाइड्रेट से
(D) सेलुलोज से
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उत्तर: (B) फॉस्फोलिपिड द्विपरत और प्रोटीन से

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📝 कोशिका झिल्ली की संरचना को Fluid Mosaic Model द्वारा समझाया जाता है। इसके अनुसार कोशिका झिल्ली फॉस्फोलिपिड की दोहरी परत और उसमें जड़े हुए प्रोटीन अणुओं से बनी होती है। यह अर्धपारगम्य होती है और पदार्थों के आवागमन को नियंत्रित करती है।

प्रश्न 20. ‘परासरण (Osmosis)’ किसे कहते हैं?

(A) विलेय का अर्धपारगम्य झिल्ली से गुजरना
(B) जल का अर्धपारगम्य झिल्ली से कम सांद्रता से अधिक सांद्रता की ओर जाना
(C) ऑक्सीजन का कोशिका में प्रवेश
(D) प्रोटीन का विघटन
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उत्तर: (B) जल का अर्धपारगम्य झिल्ली से कम सांद्रता से अधिक सांद्रता की ओर जाना

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📝 परासरण वह प्रक्रिया है जिसमें जल अर्धपारगम्य झिल्ली के माध्यम से कम सांद्र विलयन से अधिक सांद्र विलयन की ओर जाता है। यह प्रक्रिया पौधों में जल के अवशोषण और कोशिकाओं में जल संतुलन बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।

प्रश्न 21. ‘विसरण (Diffusion)’ और ‘परासरण (Osmosis)’ में मुख्य अंतर क्या है?

(A) कोई अंतर नहीं
(B) विसरण में झिल्ली की आवश्यकता नहीं, परासरण में अर्धपारगम्य झिल्ली आवश्यक है
(C) परासरण में ऊर्जा खर्च होती है
(D) विसरण केवल गैसों में होता है
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उत्तर: (B) विसरण में झिल्ली की आवश्यकता नहीं, परासरण में अर्धपारगम्य झिल्ली आवश्यक है

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📝 विसरण में कण अधिक सांद्रता से कम सांद्रता की ओर स्वतः गति करते हैं और इसके लिए किसी झिल्ली की आवश्यकता नहीं होती। जबकि परासरण में केवल जल के अणु अर्धपारगम्य झिल्ली के माध्यम से कम सांद्र विलयन से अधिक सांद्र विलयन की ओर जाते हैं। दोनों प्रक्रियाएँ निष्क्रिय (Passive) होती हैं।

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प्रश्न 22. ‘प्रकाश-संश्लेषण (Photosynthesis)’ का समीकरण क्या है?

(A) C₆H₁₂O₆ + 6O₂ → 6CO₂ + 6H₂O
(B) 6CO₂ + 6H₂O → C₆H₁₂O₆ + 6O₂
(C) C₆H₁₂O₆ → 2C₂H₅OH + 2CO₂
(D) N₂ + 3H₂ → 2NH₃
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उत्तर: (B) 6CO₂ + 6H₂O → C₆H₁₂O₆ + 6O₂

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📝 प्रकाश-संश्लेषण में क्लोरोफिल की सहायता से सूर्य के प्रकाश की ऊर्जा का उपयोग करके कार्बन डाइऑक्साइड और जल से ग्लूकोज बनता है तथा ऑक्सीजन बाहर निकलती है। यह प्रक्रिया मुख्यतः क्लोरोप्लास्ट में होती है और पृथ्वी पर जीवन के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।

प्रश्न 23. ‘श्वसन (Respiration)’ का समीकरण क्या है?

(A) 6CO₂ + 6H₂O → C₆H₁₂O₆ + 6O₂
(B) C₆H₁₂O₆ + 6O₂ → 6CO₂ + 6H₂O + ऊर्जा
(C) N₂ + O₂ → 2NO
(D) 2H₂ + O₂ → 2H₂O
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उत्तर: (B) C₆H₁₂O₆ + 6O₂ → 6CO₂ + 6H₂O + ऊर्जा

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📝 श्वसन में ग्लूकोज का ऑक्सीजन की उपस्थिति में ऑक्सीकरण होता है, जिससे कार्बन डाइऑक्साइड, जल और ऊर्जा (ATP) उत्पन्न होती है। यह ऊर्जा जीवों की विभिन्न जीवन क्रियाओं के लिए आवश्यक होती है और यह प्रक्रिया मुख्यतः माइटोकॉण्ड्रिया में होती है।

प्रश्न 24. ‘अवायवीय श्वसन (Anaerobic Respiration)’ का उदाहरण क्या है?

(A) मनुष्य का श्वसन
(B) यीस्ट द्वारा किण्वन
(C) पौधों का प्रकाश-संश्लेषण
(D) मछली का श्वसन
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उत्तर: (B) यीस्ट द्वारा किण्वन

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📝 अवायवीय श्वसन में ऑक्सीजन के बिना ग्लूकोज टूटकर एथेनॉल, कार्बन डाइऑक्साइड और थोड़ी मात्रा में ऊर्जा बनाता है। इस प्रक्रिया को किण्वन कहा जाता है और इसका उपयोग बेकरी उद्योग तथा शराब उद्योग में किया जाता है।

प्रश्न 25. ‘माइटोसिस (Mitosis)’ और ‘मेयोसिस (Meiosis)’ में मुख्य अंतर क्या है?

(A) कोई अंतर नहीं
(B) माइटोसिस में समान गुणसूत्र संख्या वाली 2 कोशिकाएँ, मेयोसिस में आधी गुणसूत्र संख्या वाली 4 कोशिकाएँ बनती हैं
(C) माइटोसिस केवल जन्तुओं में होता है
(D) मेयोसिस केवल पौधों में होता है
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उत्तर: (B)

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📝 माइटोसिस में एक मातृ कोशिका से दो पुत्री कोशिकाएँ बनती हैं जिनमें गुणसूत्र संख्या समान रहती है। जबकि मेयोसिस में एक कोशिका से चार पुत्री कोशिकाएँ बनती हैं और इनमें गुणसूत्र संख्या आधी रह जाती है। यह विभाजन जनन कोशिकाओं के निर्माण में महत्वपूर्ण होता है।

Q26. ‘DNA की संरचना (Double Helix)’ किसने खोजी थी ?
  • (A) मेंडल और डार्विन
  • (B) वाटसन और क्रिक (1953)
  • (C) ओपैरिन और मिलर
  • (D) लीनियस और थियोफ्रेस्टस
✅ उत्तर: (B) वाटसन और क्रिक (1953)
📝 जेम्स वाटसन और फ्रांसिस क्रिक ने 1953 में DNA की द्विसूत्री कुण्डलित संरचना (Double Helix Model) प्रस्तुत की। इस मॉडल के अनुसार DNA दो लंबी श्रृंखलाओं से मिलकर बना होता है जो एक-दूसरे के चारों ओर कुंडली बनाकर घूमती हैं। इन श्रृंखलाओं को नाइट्रोजन क्षारों के युग्म जोड़कर रखते हैं जिससे आनुवंशिक जानकारी सुरक्षित रहती है। इस महत्वपूर्ण खोज के लिए वाटसन, क्रिक और मॉरिस विल्किंस को 1962 में नोबेल पुरस्कार मिला।

Q27. ‘मेंडल के प्रथम नियम’ को क्या कहते हैं?
  • (A) स्वतंत्र अपव्यूहन का नियम
  • (B) पृथक्करण का नियम (Law of Segregation)
  • (C) प्रभाविता का नियम
  • (D) सहलग्नता का नियम
✅ उत्तर: (B) पृथक्करण का नियम
📝 मेंडल का पृथक्करण नियम (Law of Segregation) के अनुसार किसी भी गुण के लिए उपस्थित युग्म-विकल्पी (Alleles) युग्मक निर्माण के समय एक-दूसरे से अलग हो जाते हैं। परिणामस्वरूप प्रत्येक युग्मक (Gamete) में उस गुण का केवल एक ही विकल्पी जाता है। निषेचन के समय दो युग्मक मिलकर फिर से विकल्पियों का युग्म बना देते हैं।

Q28. ‘मेंडल के द्वितीय नियम’ को क्या कहते हैं?
  • (A) पृथक्करण का नियम
  • (B) स्वतंत्र अपव्यूहन का नियम (Law of Independent Assortment)
  • (C) प्रभाविता का नियम
  • (D) सहलग्नता का नियम
✅ उत्तर: (B) स्वतंत्र अपव्यूहन का नियम
📝 मेंडल का द्वितीय नियम बताता है कि जब दो या अधिक जोड़े लक्षण एक साथ वंशानुगत होते हैं तो उनका वंशानुक्रमण स्वतंत्र रूप से होता है। इसका अर्थ है कि एक लक्षण की विरासत दूसरे लक्षण को प्रभावित नहीं करती। यह नियम तब लागू होता है जब संबंधित जीन अलग-अलग गुणसूत्रों पर स्थित होते हैं।

Q29. ‘मेंडल ने अपने प्रयोग किस पौधे पर किए?’
  • (A) टमाटर
  • (B) मटर (Pisum sativum)
  • (C) गेहूँ
  • (D) मक्का
✅ उत्तर: (B) मटर (Pisum sativum)
📝 ग्रेगर जोहान मेंडल को आनुवंशिकी का जनक कहा जाता है। उन्होंने 1856-1863 के बीच मटर के पौधे पर प्रयोग करके आनुवंशिकता के नियमों की खोज की। मटर का चयन इसलिए किया गया क्योंकि इसमें स्पष्ट विपरीत लक्षण, छोटा जीवन चक्र और स्व-परागण की विशेषताएँ होती हैं।

Q30. ‘रक्त समूह (Blood Groups)’ की खोज किसने की?
  • (A) विलियम हार्वे
  • (B) कार्ल लैंडस्टीनर (1900)
  • (C) एडवर्ड जेनर
  • (D) लुई पास्चर
✅ उत्तर: (B) कार्ल लैंडस्टीनर (1900)
📝 कार्ल लैंडस्टीनर ने 1900 में ABO रक्त समूह प्रणाली की खोज की। इसके अनुसार मानव रक्त को मुख्य रूप से A, B, AB और O चार समूहों में विभाजित किया जाता है। इस खोज से सुरक्षित रक्त आधान (Blood Transfusion) संभव हुआ और इसके लिए उन्हें 1930 में नोबेल पुरस्कार मिला।

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